काव्य साहित्य स्व. उमेश चन्द्र दुबे की एक रचना… पहला श्रोता August 11, 2021 admin स्व. उमेश चन्द्र दुबे मैनपुरी, उत्तर-प्रदेश ——————————————- पहला श्रोता जिसके मुख पर आते जाते भावों…
काव्य साहित्य वरिष्ठ कवि भारती पांडे की एक रचना.. वंदे मातरम्.. August 10, 2021 admin भारती पाण्डे देहरादून, उत्तराखंड ——————————————- वंदे मातरम् सूरज जागा, खिले सुमन दल प्राचीर पर तिरंगा…
साहित्य ग़ज़ल वरिष्ठ कवि पागल फ़क़ीरा की एक ग़ज़ल… मुझको पत्थर दिल से मोहब्बत हुई है… August 9, 2021 admin पागल फ़क़ीरा मुझको पत्थर दिल से मोहब्बत हुई है, मुझसे इश्क़ में थोड़ी सी शरारत…
काव्य साहित्य ग़ज़ल कवि वीरेंद्र डंगवाल “पार्थ” की एक हिंदी ग़ज़ल… तेरी यादों का समंदर विशाल होता है… August 8, 2021 admin वीरेंद्र डंगवाल “पार्थ” देहरादून, उत्तराखंड —————————————– हिंदी ग़ज़ल ——————————– तेरी यादों का समंदर विशाल होता…
संस्मरण साहित्य प्रतिभा की कलम से.. जितना बंगाल में, उससे रत्तीभर भी कम लोकप्रिय नहीं गुरुदेव देश.. विदेश में… August 8, 2021 admin प्रतिभा की कलम से देहरादून, उत्तराखंड —————————————- ‘गुरुदेव’ (7 अगस्त पुण्यतिथि ) ‘टैगोर’ कोई एक…
काव्य साहित्य वरिष्ठ कवि डॉ ब्रम्हानन्द तिवारी “अवधूत” एक गीत…. बरखा ऋतु तुम बिन नहीं भाती हमें… August 8, 2021 admin डॉ ब्रम्हानन्द तिवारी “अवधूत” मैनपुरी, उत्तर प्रदेश ————————————- ये घटा घनघोर तड़पाती हमें। बरखा ऋतु…
काव्य साहित्य कवि डॉ अलका अरोड़ा की एक रचना… नारी को सम्मान नहीं तो बताओ क्या दोगे… August 7, 2021 admin डॉ अलका अरोड़ा प्रोफेसर, देहरादून —————————————— आओ करे ये सतत प्रतिज्ञा नारी को सम्मान नहीं…
काव्य साहित्य पुष्पा जोशी ‘प्राकाम्य’ के मित्रों को समर्पित मुक्तक… August 7, 2021 admin पुष्पा जोशी ‘प्राकाम्य’ ऊधमसिंहनगर, उत्तराखंड —————————————– मुक्तक (१) खुशी दें, दिल को दें राहत, सहृदय…
साहित्य ग़ज़ल युवा कवि धर्मेन्द्र उनियाल धर्मी की एक ग़ज़ल… बस हमने हाथ न पसारा, खुद्दारियों के चलते… August 7, 2021 admin धर्मेन्द्र उनियाल ‘धर्मी’ चीफ फार्मासिस्ट, अल्मोड़ा ————————————————- – बस हमने हाथ न पसारा, खुद्दारियों के…
साहित्य ग़ज़ल वरिष्ठ कवि पागल फकीरा की एक ग़ज़ल… जीवन तो है खेल तमाशा, चालाकी नादानी है… August 6, 2021 admin पागल फकीरा भावनगर, गुजरात ——————————— ग़ज़ल जीवन तो है खेल तमाशा, चालाकी नादानी है, तब…