उत्तराखंड सरकार ने दी इजाजत, एक सितंबर से कालेजों में होंगे एडमिशन
-नया शिक्षा सत्र भौतिक रूप से शुरू करने के लिए कुछ प्रतिबंध लगाए गए हैं, जिनका पालन सभी को करना अनिवार्य होगा।
शब्द रथ न्यूज, ब्यूरो (shabd rath news)। उत्तराखंड के सभी महाविद्यालय व विश्वविद्यालयों में एक सितंबर से एडमिशन शुरू हो जाएंगे। इसके बाद एक अक्टूबर से विधिवत पढ़ाई भी शुरू हो जाएगी। उत्तराखंड सरकार ने इसकी इजाजत दे दी है। साथ ही शासन ने आज गाइड लाइन भी जारी कर दी है। नया शिक्षा सत्र भौतिक रूप से शुरू करने के लिए कुछ प्रतिबंध लगाए गए हैं, जिनका पालन सभी को करना अनिवार्य होगा।
तय मानकों का करना होगा पालन
-भौतिक रूप से कक्षायें दोबारा शुरू करने की अनुमति के लिये आवश्यक तैयारी हेतु स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, गृह मंत्रालय, उच्च शिक्षा विभाग, शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार, यूजीसी व राज्य के आपदा प्रबन्धन विभाग की ओर से कोविड-19 के दिशा निर्देश का पालन करना होगा।
– सभी महाविद्यलय/विश्वविद्यालय को शैक्षणिक व गैर शैक्षणिक कार्मिकों का कोविड टीकाकरण अनिवार्य रूप से कराना होगा।
-महाविद्यलय/विश्वविद्यालय खोलने से पहले उन्हें पूरी तरह सैनेटाइज किया जायेगा। यह प्रक्रिया प्रतिदिन नियमित रूप से की जाएगी।
-प्रत्येक छात्र/छात्रा को कालेज में मास्क पहनकर आना अनिवार्य होगा।
-कालेज के मेन गेट पर ही सैनेटाइजर, हैंडवाश, धर्मल स्कैनिंग व प्राथमिक उपचार की व्यवस्था करनी होगी। किसी भी शिक्षक कर्मचारी व विद्यार्थी को खाँसी, जुकाम, बुखार के लक्षण होने पर प्राथमिक उपचार देते हुए घर वापस भेजा जायेगा।
-कालेज में प्रवेश के समय मेन गेट पर सामाजिक दूरी का पालन सुनिश्चित किया जायेगा।
-कालेज छात्र/छात्राओं की भीड़ को नियन्त्रित करने के लिये पढ़ाई की समय-सारिणी इस प्रकार बनाएंगे कि छात्र छात्राएं अलग-अलग समय पर कालेज आएं व जाएं।
-छात्र/छात्राओं को कक्षा में 6 फिट की दूरी पर बैठने की व्यवस्था की जायेगी।
-महाविद्यालयों में एनएसएस व एनसीसी यूनिट कोविड-19 के फैलाव व रोकथाम के उपायों को लेकर सभी छात्र छात्राओं की जागरूक करेंगी।
-शैक्षिक संस्थान ट्रांसपोर्ट फैसिलिटी पहले की तरह ही देते रहेंगे। लेकिन, उन्हें कोविड-19 की गाइड लाइंस का पालन करना होगा।
