काव्य त्यौहार साहित्य होली पर विशेष:: कवि वीरेंद्र डंगवाल “पार्थ” का होली गीत … फागुन ने छेड़ी तान March 18, 2022 Shabdradh वीरेंद्र डंगवाल “पार्थ” देहरादून, उत्तराखंड ———————————————————————————————- फागुन ने छेड़ी तान घुघती गए मीठे गान खिला…
काव्य साहित्य होली: कवि वीरेंद्र डंगवाल “पार्थ” के कुछ प्रेममय छंद March 17, 2022 Shabdradh वीरेंद्र डंगवाल “पार्थ” देहरादून, उत्तराखंड ———————————————————————————————- 1- रुत मनभावन सी, परब सी पावन सी महक…
काव्य साहित्य साहित्यकार भारती पांडे की होली पर एक सुंदर रचना … कविता में उमगा त्यौहार March 16, 2022 Shabdradh भारती पाण्डे देहरादून, उत्तराखंड ———————————————————————————————- होली के रंग वन कुंजन उपवन में खिले प्रसून बहुरंग…
काव्य साहित्य युवा कवि/शाइर विजय कपरवान की रचना … भीष्म यहां लाचार खड़ा है राम तुम्हें आना होगा March 13, 2022 Shabdradh विजय कपरवान पौड़ी गढ़वाल, उत्तराखंड ———————————————————————————————————————- युगों युगों की पीड़ा हरने मुझको मेरे ऋण से तरने…
काव्य साहित्य ग़ज़ल देश के मशहूर कवि/शाइर चेतन आनंद की एक ग़ज़ल … वो मेरे घर तक आकर लौट गया February 20, 2022 Shabdradh चेतन आनंद गाजियाबाद ग़ज़ल दिल तो मिलने का था लेकिन फिर सकुचाकर लौट गया। जाने…
काव्य साहित्य ग़ज़ल वरिष्ठ कवि/शाइर पागल फ़क़ीरा …. आपकी ये बात हमें मंज़ूर नहीं कभी, February 18, 2022 admin पागल फ़क़ीरा भावनगर, गुजरात ——————————————————– ग़ज़ल आपकी ये बात हमें मंज़ूर नहीं कभी, इश्क़ का…
काव्य साहित्य वसंत पर विशेष: कवि वीरेंद्र डंगवाल “पार्थ” … धरती धवल हुई, उमंगें नवल हुई February 5, 2022 admin वीरेंद्र डंगवाल “पार्थ” देहरादून, उत्तराखंड —————————————————– मनहरण घनाक्षरी छंद धरती धवल हुई, उमंगें नवल हुई…
काव्य साहित्य दल बादल की राजनीति पर कवि जीके पिपिल की चुटकी … कल के किशोर में कितनी जान अभी बाकी है.. January 27, 2022 admin जीके पिपिल देहरादून, उत्तराखंड —————————————————— होना चुनावी समर का घमासान अभी बाकी है कौशल के…
काव्य साहित्य दल बादल की राजनीति पर कवि जीके पिपिल की चुटकी … उनकी नज़र से उनके दिल से दूर होकर निकले January 27, 2022 admin जीके पिपिल देहरादून, उत्तराखंड ————————————————– उनकी नज़र से उनके दिल से दूर होकर निकले उनकी…
काव्य साहित्य ग़ज़ल वरिष्ठ कवि जीके पिपिल की एक ग़ज़ल …. तुम जिधर से भी गुज़रो मैं तुम्हारी राह में रहूँ January 24, 2022 admin जीके पिपिल देहरादून, उत्तराखंड ———————————————————— गज़ल तुम जिधर से भी गुज़रो मैं तुम्हारी राह में…