गंगोत्री धाम के कपाट शीतकाल के लिए हुए बंद, मां गंगा की उत्सव डोली पहुंची मुखबा
-मां गंगा की उत्सव डोली के साथ गंगोत्री मंदिर समिति अध्यक्ष सुरेश सेमवाल, दीपक सेमवाल, राजेश सेमवाल, हरीश सेमवाल आदि के साथ ही पुलिस व प्रशासन के अधिकारी मौजूद रहे। कपाट बंद होने और उत्सव डोली के प्रस्थान के दौरान सोशियल डिस्टेंसिंग का किया गया पालन
शब्द रथ न्यूज (shabd rath news)। गंगोत्री धाम (gangotri dham) के कपाट रविवार की शीतकाल (temple closed for winter) के लिए बंद हो गए हैं। आज विधि विधान के साथ 12 बजकर 15 मिनट पर कपाट बंद किए गए। इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु व तीर्थपुरोहित मौजूद रहे। शीतकाल में मां गंगा की मुखबा में पूजा अर्चना होगी।
कपाट बंद होने के बाद मां गंगा की उत्सव डोली शीतकालीन प्रवास मुखबा (mukhba) के लिए रवाना हुई। इस अवसर पर गंगोत्री मंदिर समिति अध्यक्ष सुरेश सेमवाल, दीपक सेमवाल, राजेश सेमवाल, हरीश सेमवाल आदि के साथ ही पुलिस व प्रशासन के अधिकारी मौजूद रहे। कपाट बंद होने और उत्सव डोली के प्रस्थान के दौरान सोशियल डिस्टेंसिंग का पालन किया गया।
देवस्थानम बोर्ड के मीडिया प्रभारी डॉ हरीश गौड़ ने बताया कि 16 नवंबर को भैयादूज के अवसर पर श्री केदारनाथ धाम के कपाट प्रात: 8.30 बजे और श्री यमुनोत्री धाम के कपाट दिन 12 बजकर 15 मिनट पर बंद होंगे। जबकि श्री बदरीनाथ धाम के कपाट गुरुवार 19 नवंबर शाम 3 बजकर 35 मिनट पर बंद होंगे। द्वितीय केदार श्री मद्महेश्वर जी के कपाट भी 19 नवंबर को प्रात: 7 बजे बंद होंगे। वहीं, इस बार श्री मद्महेश्वर की उत्सव डोली 22 नवंबर को शीतकालीन गद्दीस्थल ओंकारेश्वर मंदिर उखीमठ पहुंच रही है। इसी दिन श्री मद्महेश्वर मेला भी आयोजित होता है।
